➤ 18 मार्च से बजट सत्र का दूसरा चरण शुरू, 2 अप्रैल तक चलेगा सत्र
➤ 20 मार्च को मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू पेश करेंगे कार्यकाल का चौथा बजट
➤ राजस्व घाटा अनुदान (RDG) बंद होने से वित्तीय रणनीति पर रहेगी नजर
शिमला। Sukhvinder Singh Sukhu 20 मार्च को अपना चौथा बजट पेश करेंगे। सत्ता संभालने के बाद पिछले तीन वर्षों में वे 17 मार्च को ही बजट प्रस्तुत करते आए हैं, लेकिन इस बार परंपरा में बदलाव करते हुए 20 मार्च की तारीख तय की गई है।
Himachal Pradesh Legislative Assembly सचिवालय ने 18 मार्च से बजट सत्र के दूसरे चरण की अधिसूचना जारी कर दी है। 19 मार्च को राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा होगी और उसी दिन शाम को मुख्यमंत्री धन्यवाद प्रस्ताव पर जवाब देंगे। 20 मार्च को बजट पेश होने के बाद 23, 24 और 25 मार्च को इस पर चर्चा होगी, जबकि 30 मार्च को बजट पारित किया जाएगा। सत्र का समापन 2 अप्रैल को होगा।

दूसरे चरण में कुल 13 बैठकें प्रस्तावित हैं। इससे पहले तीन दिन के पहले चरण में तीन बैठकें हो चुकी हैं, जिनमें राजस्व घाटा अनुदान (RDG) का मुद्दा प्रमुख रहा। अब एक माह के अंतराल के बाद फिर से सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने होंगे।
दरअसल, फाइनेंस कमीशन द्वारा राजस्व घाटा अनुदान में की गई कटौती और इस बार RDG के बंद होने का सीधा असर प्रदेश की वित्तीय सेहत पर पड़ सकता है। प्रदेश के बजट ढांचे में RDG का अहम योगदान रहा है, ऐसे में इस बजट में सरकार किस तरह संसाधनों का प्रबंधन करती है, इस पर सभी की नजरें टिकी रहेंगी।
इस पूरे बजट सत्र में कुल 16 बैठकें होंगी। नियमों के अनुसार बजट सत्र में अधिकतम 20 बैठकें संभव हैं, जबकि वर्षभर में विधानसभा की कुल 35 बैठकों का प्रावधान है।



